You are here: Home

राष्ट्रीय पर्वों को छोड़ सभी त्यौहारों पर मार्केटों में स्वैच्छिक अवकाश के पक्ष में व्यापार प्रगति संघ सूरत Featured

Written by  Published in Business Monday, 15 April 2019 03:18
Rate this item
(0 votes)

सूरत। व्यापार प्रगति संघ, सूरत व्यापार एवं व्यापारी हित के लिए सदैव तत्पर है, यही कारण है कि आज संस्था के साथ तकरीबन 25 हजार से अधिक व्यापारी जुड़ गये हैं। व्यापारी एवं व्यापार हित के लिए प्रत्येक रविवार को रामचौक स्थित शिवाजी गार्डन में सुबह 8 से 9 बजे तक एक मीटिंग आहूत की जाती है, जिसमें व्यापारी अपनी समस्या एवं सुझाव आदान-प्रदान करते हैं। रविवार, 14 अप्रैल 2019 को भी साप्ताहिक बैठक संपन्न हुई, जिसमें संघ के पदाधिकारियों के अलावा पंच, स्वयंसेवक और पीडि़त व्यापारी उपस्थित रहे।

रविवारीय बैठक में सूरत के कपड़ा मार्केटों और विशेष रुप से व्यापारियों के विभिन्न सोशल मीडिया ग्रुपों में मार्केटों में अवकाश को लेकर चली बहसबाजी का मामला जोरों से ऊठा। बैठक में उपस्थित व्यापारियों ने आगामी 17 अप्रैल को भगवान महावीर जयंती के दिन सूरत का कपड़ा मार्केट बंद रहना चाहिये या नहीं, इस मामले पर वीपीएस का रुख जानना चाहा। इस पर वीपीएस के अग्रणियों ने उपस्थित व्यापापारियों से सुझाव मांगे। बहुतायत में व्यापारियों ने कपड़ा मार्केट खुला रहने के पक्ष में विचार व्यक्त किये। आखिर में व्यापार प्रगति संघ ने निर्णय लिया कि वह राष्ट्रीय अवकाशों को छोड़कर अन्य त्यौहारों पर सूरत के कपड़ा मार्केटों में स्वैच्छिक अवकाश के पक्ष में है। इसके लिये वीपीएस शहर के विभिन्न मार्केटों की प्रबंध समतियों से इस विषय पर लिखित विनती पत्र भेजेगा।

कुछ व्यापारी ने कहा कि बंद के दौरान भले ही दुकान व्यापारी खोल लेते हैं, लेकिन मार्केट एसोसिएशन गेट बंद देता है। ऐसे में सभी व्यापारियों ने एक सुर में कहा कि राष्ट्रीय पर्व को छोड़कर सभी त्यौहार पर स्वैच्छिक बंद का पालन होना चाहिए। यानी कि जिस किसी भी धर्म जाति का कोई भी पर्व हो व्यापारी चाहे तो दुकान खोल सकता है, चाहे तो नहीं? यह व्यापारियों का स्वयं का निर्णय हो। इसमें मार्केट एसोसिएशन का कोई दबाव न हो।

इस संदर्भ में मिलेनियम मार्केट व्यापारी श्याम सुन्दर अग्रवाल, जयमहावीर मार्केट के व्यापारी अशोक गोयल, राजीव ओमर, सिल्क प्लाजा मार्केट के व्यापारी अशोक बाजारी एवं कोहिनूर मार्केट व्यापारी मदन जैन ने अपना मंतव्य देते हुए कहा कि राष्ट्रीय पर्व के अलावा किसी भी त्यौहार पर दुकान बंद रखने का दबाव मार्केट एसोसिएशन अथवा व्यापारी संगठन को नहीं थोपना चाहिए। कारण कि आज के मंहगाई के दौर में छोटे से छोटे व्यापारी का भी स्टाफ एवं दुकान का किराया आदि लेकर 3 से 4 हजार दैनिक भार पड़ता है। ऐसे में किसी भी धार्मिक पर्व पर स्वैच्छिक बंद का पालन होना चाहिए।

बैठक में बकाया वसूली के मुद्दे पर वीपीएस के संस्थापक संजय जगनानी ने कहा कि व्यापारियों को न्याय के लिए स्वयं आगे रहना होगा। अन्याय के खिलाफ लडऩा जरुरी है। आज से 20 वर्ष पूर्व की जारी लड़ाई ने बिहार के दिग्गज नेता को सलाखों के पीछे धकेल दिया है। इसलिए न्याय के लिए लड़ाई जारी रखना जरुरी है। गांधीगिरी से फंसे रुपये की व्यापारी एवं एजेंट से वसूली करें। यदि सामने वाला दुर्व्यवहार करता है तो पुलिस में अवश्य शिकायत करें। यदि मीठी-मीठी बातें कर सिर्फ रुपये नहीं देना चाहता तो ऐसे व्यापारी के दुकान-घर पर जाएं और उसका नाम-फोटो संबंधित ग्रुप में साझा करें। इसके बाद भी व्यापारी नहीं सुनता तो उसके दुकान के सामने धरना दें, सफेद चादर बिछाकर वीपीएस के ग्रुप में धरने की जानकारी साझा करें, फिर देखें कैसे वीपीएस के स्वयंसेवक आपकी मदद के लिये पहुंचते हैं। एक बात बिलकुल स्पष्ट है कि अपने बकाया रूपयों की वसूली के लिये व्यापारी को स्वयं आगे रहना होगा और सभी उपलब्ध विकल्प आजमाने होंगे। गलत ढंग से धंधा कर रहे कारोबारियों को व्यापार प्रगति संघ के 25 हजार व्यापारियों एवं 125 वाट्स ग्रुप की ताकत का परचा बताना होगा। पूरी ताकत के साथ सामने वाले व्यापारी पर दबाव बनाने पर रुपये अवश्य निकेलेंगे।

संघ के अरविन्द गाडिया ने कहा कि अपना (वीपीएस) संगठन हर मार्केट में फैले और व्यापारी स्वयं पंच बनें इसके लिए प्रत्येक मार्केट में अलग-अलग व्यापारियों को जवाबदारी दी गई है। उन्होंने व्यापारियों को बहुत ही सूझबूझ और सतर्कता पूर्वक व्यापार करने की नसीहत दी।

 

बकाया वसूली में पुलिस भी करती है मदद

संघ के अरविन्द गाडिया ने अपना अनुभव शेयर करते हुए बताया कि एक व्यापारी के पास 5.50 लाख बकाया था। व्यापारी के दुकान पर गया तो वहीं व्यापारी नहीं था।  घंटों तक बैठा रहा लेकिन व्यापारी नहीं आया। इसके बाद उसके घर गये, जहां उसकी मिसेज बोली कि वह घर पर नहीं है। फिर स्थानीय पुलिस में जाकर अपनी बात बताई। पुलिस ने तुरंत व्यापारी को फोन किया, जिससे व्यापारी दबाव में आया और मेरे पेमेन्ट का चेक दे दिया।

 

रविवारीय बैठक में व्यापारियों ने पेश की शिकायतें

बैठक में व्यापरियों ने अपने बकाया पेमेन्ट की शिकायतें प्रस्तुत कीं।

  • रघुकुल मार्केट के व्यापारी मनोज पांडे ने कहा कि आढतिया ने विश्वास में लेकर पार्टी को माल दिला दिया। अब रुपये निकलवाने में आना-कानी कर रहा है। वीपीएस के पंच ने इन्हें आढतिया पर दबाव बनाने और व्यापारी पर कानूनी कार्रवाई की सलाह दी।
  • कोहिनूर मार्केट के व्यापारी गोपालभाई ने कहा कि अलवर की पार्टी के यहां 3 लाख रुपये अटका है, जो बार-बार देता हूं, देता हूं कहता है, लेकिन देता नहीं। वीपीसीए के पंच अशोक गोयल इनके अटके रुपये निकालने में सहायक बनेंगे।
  • डीएमडी मार्केट के व्यापारी ने बताया कि इनका माल मिल में फंस गया था। वीपीएस के अशोकभाई से संपर्क करने पर उन्होंने मिल मालिक से संपर्क किया और माल आसानी से मिल गया।
  • मिलेनियम मार्केट के पवन जैन ने बताया कि कोटा की मंडी में एक व्यापारी के यहां डेढ़ साल से रुपये अटके हैं। व्यापारी का कहना है कि आप ने माल शहर के अन्य व्यापारी को भी दिया है। वीपीएस ने कहा कि हम व्यापार कर रहे हैं, दूसरे को क्यों नहीं देंगे? व्यापारी पर दबाव बनाने की जरुरत है।
  • जेजे मार्केट के राहुल भाई ने बताया कि विजयवाडा का एक एजेंट वहीं के व्यापारी को दो साल पूर्व तकरीबन 12 लाख रुपये का माल दिला दिया। वीपीएस ने विजय के वाट्स ग्रुप में एजेंट का फोटो घुमाने और उस पर दबाव बनाने का सुझाव दिया।
  • न्यू अंबाजी मार्केट के व्यापारी अशोकभाई ने बताया कि कानपुर के दो व्यापारी के यहां पिछले तीन साल से क्रमश: 8 लाख एवं 3 लाख रुपये अटका हुआ है। वीपीएस से तत्काल कानपुर ग्रुप के पंच को मामला सुलझाने को सौंप दिया।
  • जापान मार्केट के व्यापारी दीलीपभाई ने बताया कि गोरखपुर में एक एजेंट के यहां पिछले दो साल से 2.75 लाख रुपये फंसा है। वीपीएस से गोरखपुर के वाट्स ग्रुप एवं पंच को एजेंट से बात करने और मामला सुलझाने की जिम्मेदारी दी।
  • एनटीएम मार्केट के व्यापारी सुरेन्द्र खेतान ने बताया कि पिछले तीन साल से पटना के एक व्यापारी के यहां तकरीबन 85 हजार अटका हुआ है। वीपीएस इस मैटर को भी पटना ग्रुप के पंच को सौंप दिया है।

 

वीपीएस के सहयोग से सफलतापूर्वक बकाया वसूली के मामले

  • मिलेनियम टेक्सटाईल मार्केट-२ के व्यापारी सुंदर सारीज़ ने वीपीएस को लिखित सूचना देते हुए बताया है कि कोलकात्ता की उनकी एक पार्टी के यहां उनका ९८७५२ रुपये अटका हुआ था। वीपीएस के पंच ओमप्रकाशजी अग्रवाल के अथक प्रयासों एवं सहयोग से उनका यह पेमेन्ट क्लियर हो गया है। उन्होंने वीपीएस एवं उसके सदस्यों द्वारा प्रदान की जा रही निःस्वार्थ सेवा से काफी प्रभावित हैं और आभारी भी हैं।
  • शिवशक्ति मार्केट, सूरत के मुलचंद जैन ने वीपीएस को सूचना दी है कि उनका वर्ष २०१३ से महाराष्ट्र की एक पार्टी में पेमेन्ट बकाया था। उन्होंने वीपीएस की मदद से एडवोकेट के माध्यम से कार्रवाई की। अदालत में मामला पहुंचा और फिर ब्याज समेत ७५००० रुपये की वसूली सफलतापूर्वक संपन्न हो सकी।
  • मिलेनियम टेक्सटाईल मार्केट, सूरत के अभिषेक गाडिया ने बताया कि राजस्थान की भवानी मंडी में उनका बकाया पेमेन्ट वीपीएस के सहयोग से वकील के माध्यम अदालत में केस दर्ज कराने के बाद सफलतापूर्वक ‌क्लियर किया जा चुका है।

इस प्रकार देखा जा सकता है कि व्यापार प्रगति संघ के प्रयासों से सही मायनों में सूरत के व्यापारियों को लाभ हो रहा है और उनकी डूबती पूंजी फिर से वर्किंग कैपिटल बनकर व्यापार में लग रही है।

Submit to DeliciousSubmit to DiggSubmit to FacebookSubmit to Google PlusSubmit to StumbleuponSubmit to TechnoratiSubmit to TwitterSubmit to LinkedIn
Read 388 times Last modified on Monday, 15 April 2019 03:19

Login to post comments

फोटो गैलरी

Contact Us

    • Address: INDIA HIGHLIGHT, KRISHNA NEWS NETWORKS,
    • AT & POST: SANJAN-396150
    • SURATINDIA HIGHLIGHT, KRISHNA NEWS NETWORKS,
    • 84-ARIHANT PARK, CHAPPRA BHATHA ROAD, AMROLI, SURAT
    • Mob: +91.9228407101 Email: This email address is being protected from spambots. You need JavaScript enabled to view it.  Website: http://indiahighlight.org/

3d Printer

About Us

India Highlight is one of the renowned media group in print and web media. It has earned appreciation from various eminent media personalities and readers. ‘India highlight’ is founded by Mr. Pinal Patel.